Radio का अविष्कार किसने ओर कब किया? Radio Ka Avishkar Kisne Kiya?

आज के इस डिजिटल युग मे एक जहाँ मनोरंजन के अनेको साधन उपलब्ध हैं।वही रेडियो की मांग व भूमिका को बहुत ही कम लोग जानते हैं। अगर बात करे अब के युवा वर्ग की तो वो शायद ही रेडियो की उत्पत्ति व उसके बारे में जानकारी रखते हो। आज सम्पूर्ण विश्व का मनोरंजन बड़े बड़े OTT प्लेटफार्म द्वारा प्रकाशित होता हैं। वही दूसरी ओर cell phones व android अप्प ने डिजिटल वर्ल्ड को एक नही राह प्रदान की हैं। परंतु आज हम बात करेंगे एक बहुत ही महत्वपूर्ण यन्त्र या जिसे खोज के रूप में भी बोला जा सकता हैं।

Radio का अविष्कार किसने ओर कब किया? Radio Ka Avishkar Kisne Kiya?

जी हाँ, हम बात करेंगे Radio के आविष्कार की। एक समय था जब प्रसार भारती ओर FM gold जैसे प्रमुख channel का जमाना था। भारत व विश्व की सर्वाधिक खबरों व संगीत की दुनिया रेडियो के माध्यम से ही प्रसारित होती हैं। परंतु धीरे धीरे नवीन संसाधनों की खोज ने रेडियो के उयोग को कम कर दिया और आज के वर्तमान समय मे शायद ही रेडियो का प्रयोग कोई करता हो। तो चलये शरू करते हैं आज के इस लेख को जिसमे हम आपको अवगत कराएंगे रेडियो के आविष्कार से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण जानकारी से।


Radio का अविष्कार किसने ओर कब किया?

अगर रेडियो के आविष्कार की बात करे तो इसका इतिहास बहुत ही पुराना व विस्तार से हैं। रेडियो के आविष्कार के पीछे तो वैसे काफी सारे शोध हुए। परंतु इसके लिए प्रमुख दो बड़ो वेज्ञानिको के नाम से ही जाना जाता हैं।

सन 1880 में electromagnetic waves की पदत्ति पर बेस रेडियो का अविष्कार Guglielmo Marconi के नेतृत्व में हुआ। इसीलिये उन्हें Father Of Radio कहाँ जाता हैं। इसके अलावा Radio के अविष्कार में अन्य वैज्ञानिक Reginald Fessenden का भी अहम योगदान रहा हैं।

रेडियो तरंग के आधार पर चलने वाली frequency को केंद्रित कर इस यंत्र की उत्पत्ति हुई। यह मुख्यतः रेडियो तरंगों को ग्रहण कर एक ट्रांसमीटर से जुड़ी हुई प्रणाली पर कार्य करती हैं।

रेडियो की तरगों को एकत्रित करने के लिए एंटेना का इस्तेमाल भी किया जाता हैं जो frequency modulation के अनुरूप कार्य करता हैं।

Radio के मुख्य कौनसे चैनल होते हैं?

AIR- All India Radio जिसे आकाशवाणी के नाम से जाना जाता हैं ये रेडियो का सबसे प्रमुख व प्रचलित चैनल हैं हालांकि, इससे अलग अन्य बहुत से चैनल का प्रशारण रेडियो द्वारा किया जाता हैं कुछ प्रमुख चैनल इस प्रकार से हैं।

Radio City

Radio Mirchi

Fm Gold

Red Fm

Rainbow

Big Fm

नवीन उपकरणों की खोज से अब रेडियो को पूर्ण रूप से cellphone में व्यवस्थित कर दिया गया। जिसके चलते अलग से रेडियो की खरीददारी इतने आवश्यक नही हैं। कम्पनी द्वारा निर्मत प्रत्येक फोन में रेडियो की अलग से सुविधा होती हैं।


Radio का क्या इतिहास हैं?

जैसा की हम ऊपर वर्णन कर चुके हैं कि रेडियो के निर्माण के लिए किसी एक वैज्ञानिक की भूमिका नही रही हैं। इसके आविष्कार के पीछे बहुत सी खोजो का इतिहास व्याप्त हैं। सर्वप्रथम रेडियो के आविष्कार के लिए James Clerk Maxwell ने अधिक शोध किये परंतु सटीक व्यवस्था न होने के कारण उन्होंने कुछ समय के लिए इसके अविष्कार को विराम दिया। उसके बाद रेडियो के सफल परीक्षण हेतु अन्य वैज्ञानिक Marconi आये उन्होंने electromagnetic तरंगों को नियंत्रित कर 1896 में रेडियो को स्वचालित रूप से अविष्कार कर विश्व के सम्मुख प्रस्तुत किया।

तथ्य व जानकारी के अनुसार, 1920 में सर्वप्रथम रेडियो का प्रशारण मुम्बई से हुआ। इसके अलावा BBC जिसे बडे संगठनों ने इसका इस्तमाल किया।

बाद में इसे आल इंडिया रेडियो के नाम से चिन्हित कर सम्पूर्ण राष्ट्र में इसकी सेवा चालू की गई हैं।

Radio का मनोरंजन की दिशा में क्या योगदान रहा हैं?

19 के दशकों से पूर्व रेडियो की अपनी एक अहम भूमिका थी। उस समय जब मनोरंजन के अधिक साधन नही थे। तो ज्यादार लोग संगीत व समाचार के लिए रेडियो का इस्तमाल ही किया करते थे।

रेडियो का उपयोग ट्रांसमीटर के माध्यम से पहले सेनाओ में भी हुआ करता था, उसके बाद इसका प्रयोग इतना प्रचलित हुआ की इसके प्रसारण के द्वारा विश्व की प्रमुख खबरों को समाचार पदत्ति के अनुरूप प्रयोग में लाया गया।

आकाशवाणी के माध्यम से समाचार का प्रसार हुआ करता था। इसके अंतर्गत प्रातःकाल व संध्याकाल में समाचार प्रसारण होता था। संगीत की दृष्टि से लोग अपने पसंदीदा गानों को सुनने के लिए चित्रहार जैसे कार्यक्रमो के माध्यम से उनका लुफ्त उठाया करते थे।


परंतु आज स्थिति बिल्कुल विपरीत हैं आज रेडियो के अनेको नवीन संस्करण उपलब्ध हैं जिनकी मदद से कहि भी कभी भी रेडियो को उयोग में ला सकते हैं।

तो आज के इस आर्टिकल के माध्यम से हमने जाना की रेडियो का अविष्कार कोई आम आविष्कार नही हैं। रेडियो की खोज से हमे उन महत्वपूर्ण संदेशो की खबर लगातार मिलती रही हैं जिसके मात्र विश्व मे हो रही प्रत्येक घटना की जानकारी का सीधा प्रसारण हम तक होता आया हैं। रेडियो के आविष्कार के बाद संगीत के साथ साथ मीडिया हाउस को सफल बनाने में भी रेडियो का प्रमुख योगदान रहा हैं।

हालांकि, ये बात अलग हैं कि अब नवीन उपकरणों के आने के बाद रेडियो के उपयोग में थोड़ी गिरावट जरूर देखने को मिली हैं। परंतु कहि न कही आज भी हम रेडियो का प्रयोग करते ही हैं वो चाहे पॉडकास्ट के माध्यम से हो गया अन्य टेलीग्राम की मदद से।